
बिल्डर की हटधर्मी से परेशान पीड़ित बुजुर्ग,अपने घर के लिए दर- दर भटकने को मजबूर।
नई दिल्ली,:गत् लगभग डेढ़ साल से ज्यादा समय से बिल्डर के करकमलो, हाटधर्मी से परेशान बुजुर्ग औऱ उनका परिवार आंदोलन को मजबूर,26 अक्टूबर 2025 को शुरू हुआ एक छोटा लेकिन हिम्मतभरा विरोध प्रदर्शन अब एक व्यापक नागरिक आंदोलन बन चुका है। यह आंदोलन उन परिवारों की थकान, निराशा, अन्याय और साझा पीड़ा से जन्मा है, जिन्हें बिल्डर के शोषण ने मानसिक, आर्थिक और सामाजिक रूप से तोड़ दिया है।पीड़ित घर के मालिक इस आंदोलन की आधिकारिक घोषणा करने के लिए एकजुट हुए हैं—ताकि वे जवाबदेही, सम्मान और उस सिस्टम से सुरक्षा की मांग कर सकें, जिसने उन्हें बार-बार विफल किया है।
और इस पूरे तूफ़ान के केंद्र में है अर्थ्ज़ अर्बन स्पेसेस प्राइवेट लिमिटेड, जिसके सीईओ प्रलीन चोपड़ा हैं।

बिल्डर की मनमानी, पीड़ित खुराना परिवार अन्य –
82 वर्षीय मंजीत सिंह खुराना और उनके पुत्र गुरमीत खुराना पिछले 3 साल 6 महीने से अपने ही घर से बाहर रह रहे हैं। वे हर महीने मोटी रकम किराये के साथ अन्य खर्चो का वहन भी कर रहें हैं.।
बुजुर्ग मंजीत सिंह खुराना निवासी W-96, ग्रेटर कैलाश-I में उनकी परियोजना में देरी हुई, उसे ठीक से संभाला नहीं गया, और किए गए वादे पूरे नहीं हुए।वादा पूरा करने के बजाय, अर्थ्ज़ अर्बन स्पेसेस ने कथित तौर पर:तय किए गए विशेष विवरणों से पीछे हट गए, जिससे लाखों रुपये का अतिरिक्त खर्च हुआ, बेहद खराब काम किया• दबाव डालकर पैसों की मांग की, और, जब सवाल किए गए, तो कथित तौर पर गुरमीत खुराना पर जबरन वसूली और धमकी के झूठे आरोप लगाकर उन्हें चुप कराने की कोशिश की।हमारा आरोप हैं कि “हम भीख नहीं माँग रहें —हमने अपना हक माँगा।वहीं जब हमने आवाज़ उठाई, उन्होंने झूठे मामले बनाकर हमें डराने की कोशिश की।
लेकिन हमारी लड़ाई कानूनी, नैतिक और अडिग है।यह आरोप लगया गुरमीत सिंह खुराना ने, प्रेस क्लब ऑफ़ इंडिया मेँ प्रेस वार्ता मेँ बताया कि अर्थ्ज़ अर्बन स्पेसेस प्राइवेट लिमिटेड, के मालिक प्रलीन चोपडा एक बेहद शातिर हैं वह अक्सर बुजुर्गों को निशाना बनाता हैं, वहीं न तो समय पर कार्य करता हैं, न हीं जो एग्रीमेंट मेँ निर्माण संबंधी शर्ते होती हैं उस पर भी खरा नहीं उतरा औऱ नाहक परेशान करना,अपने व्यक्तिगत हित साधना, औऱ पीड़ितों पर आकरण दबाव डलवाकर रूपये वसूलना भी हैं. खुरना ने आरोप लगाया कि हम ही नहीं कई औऱ भी इस बिल्डर कि मनमानी से परेशान हैं,सभी आंदोलन करने को मजबूर हैं, न प्रशासन, न अधिकारी हमारी समस्या का समाधान निकाल रहें हैं हम जल्द ही बढ़े आंदोलन कि योजना बिल्डर माफिया के खिलाफ बनाने जा रहें हैं जिससे औऱ मजबूर लोग इसके बहकावे मेँ न आये।
